गैंगरेप और सुसाइड पर सीएम योगी की बड़ी कार्रवाई, संभल और प्रतापगढ़ के एसपी सस्पेंड

Updated on: 19 June, 2019 07:23 PM

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर संभल के एसपी राधे मोहन भारद्वाज और प्रतापगढ़ के एसपी संतोष कुमार सिंह-1 को निलंबित कर दिया गया है। यमुना प्रसाद को संभल और देव रंजन वर्मा को प्रतापगढ़ का नया एसपी नियुक्त किया गया है।  संभल में एक महिला को सामूहिक बलात्कार के बाद जिंदा जला देने तथा प्रतापगढ़ में एक किशोरी की मौत के मामले में पुलिस पर लापरवाही बरतने का आरोप है।


दो पुलिस कप्तानों पर हुई इस कार्रवाई से पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। दोनों जिलों में पुलिस कार्रवाई में लापरवाही से नाराज होकर मुख्यमंत्री ने पुलिस कप्तानों को निलंबित करने का निर्देश दिया।


संभल जिले में पांच लोगों द्वारा कथित रूप से सामूहिक बलात्कार के बाद एक महिला को एक मंदिर परिसर में जिंदा जला देने का मामला सामने आया था। जिले के रजपुरा थाना क्षेत्र के एक व्यक्ति ने तहरीर देकर आरोप लगाया कि शनिवार की भोर में आराम सिंह नामक एक व्यक्ति समेत पांच लोगों ने घर में घुसकर तमंचे से बल पर उसकी पत्नी से बलात्कार किया। उसका कहना था कि वह गाजियाबाद में रहकर मजदूरी करता है, जबकि उसकी पत्नी अपनी सात वर्षीय बेटी के साथ रजपुरा थाना क्षेत्र स्थित गांव में रहती थी। वारदात के बाद आरोपी किसी को ना बताने की धमकी देकर चले गए। उसके बाद उसकी पत्नी ने अपने ममेरे भाई को इस घटना के बारे में जानकारी दी। कुछ देर बाद आरोपी फिर उसके घर आ गए और पास में बने मंदिर परिसर स्थित झोपड़ी में ले जाकर उसे जिन्दा फूंक दिया। इस मामले में एडीजी प्रेम प्रकाश ने चौकी प्रभारी और दो सिपाहियों को निलंबित कर दिया था। पुलिस ने लापरवाही बरतते हुए पोस्टमार्ट कराए बिना ही कह दिया था कि गैंगरेप हुआ ही नहीं। हालात को सामान्य करने के लिए एडीजी को स्वयं गांव में डेरा डालना पड़ा। पुलिस ने इस मामले में सोमवार को तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।


 इसी तरह प्रतापगढ़ के कुंडा थाना क्षेत्र में एक किशोरी ने छेड़खानी से आजिज आकर पेड़ से लटककर फांसी लगा ली थी। इस मामले में भी पुलिस की लापरवाही सामने आई थी और एसओ समेत दो पुलिसर्मियों को निलंबित कर दिया गया था।

View More

24x7 HELP

Visitor
अब तक देखा गया